भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि को अनंत चतुर्दशी का पर्व मनाया जाता है। इसी दिन गणेश विसर्जन भी किया जाता है, जिसके साथ ही 10 दिनों तक चलने वाले गणेशोत्सव का समापन हो जाता है। बप्पा के भक्त इस दिन नम आंखों से अपने आराध्य को विदाई देते हैं और अगले साल जल्दी आने की कामना करते हैं।
इस बार अनंत चतुर्दशी की तिथि को लेकर लोगों के मन में संशय है कि यह पर्व 24 सितंबर को है या 25 सितंबर को। पंचांग के अनुसार, चतुर्दशी तिथि की शुरुआत और समाप्ति के आधार पर ही विसर्जन का शुभ मुहूर्त तय किया जाता है।
अनंत चतुर्दशी के दिन भगवान विष्णु के अनंत रूप की पूजा का भी विधान है। इस दिन पुरुष और महिलाएं अपने बाजू में अनंत सूत्र बांधते हैं, जिससे जीवन के संकटों से रक्षा होती है। इसके अलावा, गणेश प्रतिमाओं को नदी, तालाब या घर के पास बनाए गए कुंड में विसर्जित किया जाता है।