गोवा नाइटक्लब हादसा: जांच रिपोर्ट में खुलासा, क्लब गैरकानूनी था और सुरक्षा नियमों की अनदेखी हुई

AAGG (1)
AAGG (1)

पणजी: गोवा के अरपोरा गांव में 6 दिसंबर 2023 को हुए नाइटक्लब हादसे में 25 लोगों की मौत हो गई थी। अब इस घटना की मजिस्ट्रेटी जांच रिपोर्ट सामने आई है, जिसमें कई गंभीर बातें उजागर हुई हैं। रिपोर्ट के अनुसार, ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ नामक नाइटक्लब सॉल्ट पैन की जमीन पर गैरकानूनी तरीके से बनाया गया था। इसके अलावा, क्लब बिना वैध ट्रेड लाइसेंस के भी चल रहा था। यह नाइटक्लब सॉल्ट पैन और तटीय क्षेत्र के बीच स्थित था, जो राजस्व संहिता और तटीय नियमों का उल्लंघन है।

जांच रिपोर्ट में बताया गया है कि अरपोरा-नागोआ ग्राम पंचायत ने 16 दिसंबर 2023 को क्लब को बार, रेस्टोरेंट और नाइटक्लब चलाने का लाइसेंस जारी किया था। यह लाइसेंस 31 मार्च 2024 तक वैध था। लेकिन लाइसेंस की अवधि खत्म होने के बाद भी क्लब चलता रहा। पंचायत ने परिसर को सील नहीं किया और न ही संबंधित विभाग को सूचित किया। रिपोर्ट में पंचायत सचिव और सरपंच के बयानों का हवाला देते हुए कहा गया है कि क्लब मालिकों के साथ मिलीभगत की संभावना है।

जांच में यह भी सामने आया कि लाइसेंस आवेदन में कई गड़बड़ियां थीं। दस्तावेजों में फर्जी एंट्री, नक्शे और भूमि रिकॉर्ड की कमी, और फोटो का अभाव था। आवेदन 11 दिसंबर 2023 को मिला और केवल 5 दिनों में ही अनुमति दे दी गई। इसके बाद 16 दिसंबर को प्रमाणपत्र जारी कर दिया गया। रिपोर्ट में कहा गया है कि पुलिस जांच में पता चला कि क्लब में बिना सुरक्षा इंतजाम के आतिशबाजी कराई गई थी, जिससे आग लगी। क्लब में फायर सेफ्टी उपकरण नहीं थे और ग्राउंड व डेक फ्लोर पर इमरजेंसी एग्जिट नहीं थे।

रिपोर्ट में यह भी उल्लेख है कि जनवरी 2024 से दिसंबर 2025 तक क्लब को लेकर कई शिकायतें आई थीं, जो शोर और पार्किंग से जुड़ी थीं, लेकिन उन्हें नजरअंदाज कर दिया गया। बॉम्बे हाईकोर्ट (गोवा बेंच) के निर्देशों का पालन भी नहीं हुआ। कोर्ट ने क्लबों के निरीक्षण और रात में गश्त करने का आदेश दिया था।

इस मामले में पुलिस ने अब तक 8 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें क्लब के 3 मालिक शामिल हैं। दिल्ली के कारोबारी और सह-मालिक सौरभ लुथरा और गौरव लुथरा घटना के बाद विदेश भाग गए थे, लेकिन उन्हें 17 दिसंबर को भारत लाया गया। इसके साथ ही 5 सरकारी अधिकारियों को निलंबित किया गया है। पुलिस ने BNS की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है, जिनमें गैर-इरादतन हत्या, लापरवाही से जान को खतरा पहुंचाना, आग से जुड़ी लापरवाही, जालसाजी और आपराधिक साजिश शामिल हैं।

यह रिपोर्ट इस बात को स्पष्ट करती है कि न केवल क्लब मालिकों की लापरवाही थी, बल्कि सरकारी अधिकारियों की अनदेखी और नियमों की अवहेलना ने इस भयानक हादसे को और गंभीर बना दिया।

संबंधित खबरें

Sushant Singh Rajput Case: सुशांत सिंह राजपूत की बहन श्वेता सिंह कीर्ति का चौकाने वाला दावा, 2020 की रिपोर्ट में क्या था?

Asian Games 2026: यशवीर सिंह ने जीता सिल्वर, रोहित यादव को ब्रॉन्ज, जैवलिन में भारत का डबल पोडियम

भगत सिंह की 119वीं जयंती पर देशभर में श्रद्धांजलि, PM मोदी और ओम बिरला ने किया नमन

Asian Games 2026: गुलवीर सिंह ने 1500 मीटर में जीता सिल्वर, विथ्या रामराज ने तोड़ा पीटी उषा का 42 साल पुराना रिकॉर्ड

‘सोनू’ ने ‘दुपट्टा तेरा नौ रंग दा’ पर किया जबरदस्त डांस, पलक सिंधवानी का वीडियो वायरल

Recommended Stories

Sushant Singh Rajput Case: सुशांत सिंह राजपूत की बहन श्वेता सिंह कीर्ति का चौकाने वाला दावा, 2020 की रिपोर्ट में क्या था?

Asian Games 2026: यशवीर सिंह ने जीता सिल्वर, रोहित यादव को ब्रॉन्ज, जैवलिन में भारत का डबल पोडियम

भगत सिंह की 119वीं जयंती पर देशभर में श्रद्धांजलि, PM मोदी और ओम बिरला ने किया नमन

Asian Games 2026: गुलवीर सिंह ने 1500 मीटर में जीता सिल्वर, विथ्या रामराज ने तोड़ा पीटी उषा का 42 साल पुराना रिकॉर्ड

‘सोनू’ ने ‘दुपट्टा तेरा नौ रंग दा’ पर किया जबरदस्त डांस, पलक सिंधवानी का वीडियो वायरल