पटना: बिहार में BPSC TRE-4 को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार जारी है। मंगलवार (25 अगस्त 2026) को पटना में मुख्यमंत्री आवास के घेराव के लिए निकले छात्रों के बीच अब सत्तारूढ़ जनता दल यूनाइटेड (JDU) की ओर से प्रतिक्रिया सामने आई है। JDU नेता राजीव रंजन ने छात्रों के प्रदर्शन को लेकर कहा कि आंदोलन का कोई तार्किक आधार नजर नहीं आता। उन्होंने छात्रों से आंदोलन छोड़कर परीक्षा की तैयारी करने की अपील की।
JDU नेता ने क्या कहा?
राजीव रंजन ने कहा कि TRE-4 के लिए 32 हजार से अधिक पदों पर रिक्तियां तय की जा चुकी हैं और परीक्षा दो चरणों में आयोजित करने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि पेपर लीक के खिलाफ राज्य में कठोर कानून बनाया गया है और मामले की समीक्षा के लिए पांच सदस्यीय विशेषज्ञ समिति का गठन भी किया जा चुका है।
उन्होंने कहा कि समिति की रिपोर्ट के आधार पर राज्य सरकार आगे की कार्रवाई करेगी। JDU नेता ने छात्रों से अपील करते हुए कहा कि उन्हें किसी राजनीतिक दल के उकसावे में आंदोलन का हिस्सा बनने के बजाय अपनी परीक्षा की तैयारी पर ध्यान देना चाहिए।
छात्रों ने किया सीएम आवास का घेराव
इधर, बड़ी संख्या में छात्र मंगलवार को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के लिए गांधी मैदान से मार्च पर निकले। प्रदर्शनकारियों ने जेपी गोलंबर और डाकबंगला चौराहे की ओर बढ़ने की कोशिश की। पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए जगह-जगह बैरिकेडिंग की थी।
डाकबंगला चौराहे पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। कुछ छात्रों ने बैरिकेड तोड़ दिए, जिसके बाद पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया। इस दौरान कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने की भी जानकारी सामने आई।
कई मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे छात्र
TRE-4 को लेकर छात्र पिछले कई सप्ताह से पटना के गर्दनीबाग में धरना दे रहे हैं। प्रदर्शनकारी एक स्तरीय परीक्षा प्रणाली, भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता, लंबित भर्ती परीक्षाओं के आयोजन और हिंदी माध्यम के अभ्यर्थियों को समान अवसर देने जैसी मांगें उठा रहे हैं।
इसके अलावा कुछ प्रदर्शनकारी BPSC की 70वीं संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा में कथित अनियमितताओं का हवाला देते हुए परीक्षा रद्द करने की मांग भी कर रहे हैं।
अब सरकार और छात्रों के बीच बातचीत से इस विवाद का समाधान निकलता है या आंदोलन आगे भी जारी रहता है, इस पर सबकी नजर बनी हुई है।