मुकेश अंबानी की डिजिटल सर्विसेज कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स ने शेयर बाजार में शानदार शुरुआत की. कंपनी के शेयर आईपीओ के इश्यू प्राइस से 21 फीसदी से अधिक प्रीमियम पर लिस्ट हुए. इस दमदार लिस्टिंग के साथ जियो प्लेटफॉर्म्स का बाजार पूंजीकरण करीब 12.50 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया और कंपनी बाजार मूल्य के लिहाज से देश की दूसरी सबसे मूल्यवान कंपनी बन गई. इस सूची में पहले स्थान पर रिलायंस इंडस्ट्रीज है.
₹1,119 के मुकाबले ₹1,358 पर लिस्ट हुए शेयर
जियो प्लेटफॉर्म्स के शेयर बीएसई और एनएसई पर 1,358 रुपये के भाव पर सूचीबद्ध हुए. कंपनी ने आईपीओ के लिए 1,119 रुपये प्रति शेयर का ऊपरी प्राइस तय किया था. इस तरह शेयरों की लिस्टिंग करीब 21.36 फीसदी प्रीमियम पर हुई. इसका मतलब है कि आईपीओ में ऊपरी प्राइस बैंड पर शेयर पाने वाले निवेशकों को लिस्टिंग के समय प्रति शेयर 239 रुपये का अंतर मिला. शुरुआती कारोबार में कंपनी का बाजार पूंजीकरण करीब 12.50 लाख करोड़ रुपये के आसपास पहुंच गया. लिस्टिंग के बाद निवेशकों की नजर शेयरों की कीमत और कारोबार के रुख पर बनी रही.
भारती एयरटेल को पीछे छोड़ दूसरी सबसे मूल्यवान कंपनी बनी जियो
शेयर बाजार में शुरुआत के बाद जियो प्लेटफॉर्म्स ने बाजार पूंजीकरण के मामले में भारती एयरटेल को पीछे छोड़ दिया. दिए गए आंकड़ों के मुताबिक, कंपनियों की बाजार मूल्य के आधार पर स्थिति इस प्रकार रही:
| कंपनी | बाजार पूंजीकरण |
|---|---|
| रिलायंस इंडस्ट्रीज | ₹15.89 लाख करोड़ |
| जियो प्लेटफॉर्म्स | ₹12.50 लाख करोड़ |
| भारती एयरटेल | ₹12.05 लाख करोड़ |
| एचडीएफसी बैंक | ₹10.42 लाख करोड़ |
| आईसीआईसीआई बैंक | ₹9.80 लाख करोड़ |
इन आंकड़ों के अनुसार, रिलायंस इंडस्ट्रीज और जियो प्लेटफॉर्म्स का संयुक्त बाजार पूंजीकरण करीब 28.40 लाख करोड़ रुपये बताया गया. ध्यान रहे कि बाजार पूंजीकरण शेयर की कीमत के साथ बदलता रहता है, इसलिए कंपनियों की रैंकिंग में भी बदलाव संभव है.
₹30,213 करोड़ के आईपीओ को मिला जबरदस्त रिस्पॉन्स
जियो प्लेटफॉर्म्स का 30,213 करोड़ रुपये का आईपीओ निवेशकों के बीच चर्चा में रहा. कंपनी ने इस इश्यू के तहत नए शेयर जारी किए. आईपीओ का प्राइस बैंड 1,065 से 1,119 रुपये प्रति शेयर निर्धारित किया गया था. दिए गए आंकड़ों के अनुसार, आईपीओ को कुल मिलाकर 22.19 गुना सब्सक्रिप्शन मिला. इसमें निवेशकों की ओर से लगाई गई बोलियों की कुल राशि 7.4 लाख करोड़ रुपये से अधिक बताई गई. इश्यू के लिए आवेदन करने वालों की संख्या करीब 1.39 करोड़ तक पहुंच गई.
100 मिनट में पूरा सब्सक्राइब हो गया था आईपीओ
जानकारी के मुताबिक, जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ 21 अक्टूबर को खुला और 23 अक्टूबर को बंद हुआ. इश्यू खुलने के लगभग 100 मिनट के भीतर इसे पूरा सब्सक्राइब कर लिया गया था. आईपीओ से पहले 19 अक्टूबर को कंपनी ने 212 एंकर निवेशकों से करीब 8,110 करोड़ रुपये जुटाए थे. रिलायंस इंडस्ट्रीज की जियो प्लेटफॉर्म्स में 66.4 फीसदी हिस्सेदारी बताई गई है.
अब शेयर के प्रदर्शन पर रहेगी निवेशकों की नजर
शानदार लिस्टिंग के बाद जियो प्लेटफॉर्म्स भारतीय शेयर बाजार की प्रमुख कंपनियों में शामिल हो गई है. अब निवेशकों की नजर कंपनी के कारोबारी प्रदर्शन, भविष्य की विकास योजनाओं और शेयर की कीमत में होने वाले उतार-चढ़ाव पर रहेगी. निवेशकों के लिए कंपनी के वित्तीय नतीजों, कारोबार की संभावनाओं और बाजार जोखिमों को ध्यान में रखना जरूरी होगा.


