ग्रेटर नोएडा: पंजाब नेशनल बैंक (PNB) की ग्रेटर नोएडा शाखा में ग्राहकों के फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) और सेविंग अकाउंट से कथित तौर पर करोड़ों रुपये की हेराफेरी का मामला सामने आया है. आरोप है कि बिना OTP और खाताधारकों के हस्ताक्षर के ही उनके खातों से पैसे ट्रांसफर कर दिए गए. इस मामले में करीब 35 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की आशंका जताई जा रही है, जबकि FIR में 21 पीड़ितों के खातों से 11.24 करोड़ से 12 करोड़ रुपये से अधिक की हेराफेरी का उल्लेख है.
बैंक ने बताया है कि अब तक तीन खाताधारकों के दावों का सत्यापन कर करीब 43 लाख रुपये का भुगतान किया जा चुका है. बैंक ने प्रभावित ग्राहकों को भरोसा दिलाया है कि जांच और दावों के सत्यापन के बाद वैध मामलों का निपटारा किया जाएगा.
2023 से चल रही थी कथित धोखाधड़ी
पुलिस के अनुसार, बैंक शाखा में वित्तीय अनियमितताओं का सिलसिला 2023 से चल रहा था. आरोप है कि बैंक के कुछ कर्मचारियों ने मिलकर ऐसे खाताधारकों को निशाना बनाया, जो कम पढ़े-लिखे थे या नियमित रूप से अपने खातों का बैलेंस चेक नहीं करते थे.
इनमें कई ग्रामीण और किसान शामिल बताए जा रहे हैं. जानकारी के मुताबिक, जेवर एयरपोर्ट परियोजना के लिए जमीन अधिग्रहण के बदले मुआवजा पाने वाले कुछ किसानों के खातों को भी निशाना बनाया गया.
पासबुक अपडेट कराने पहुंचे ग्राहकों को ऐसे किया जाता था परेशान
शिकायतों के मुताबिक, ग्राहकों को उनके खातों की जानकारी मिलने से रोकने के लिए कथित तौर पर पासबुक अपडेट करने से भी बचा जाता था. जब खाताधारक बैंक पहुंचते तो उन्हें कभी पैन कार्ड में गड़बड़ी, कभी अकाउंट ब्लॉक होने और कभी दोबारा KYC कराने का हवाला देकर वापस भेज दिया जाता था. इस तरह ग्राहकों को उनके खातों में हो रही कथित गड़बड़ी का पता चलने में देरी हुई. मामला सामने आने के बाद कई खाताधारकों ने बैंक से अपने पैसे वापस करने की मांग की है.
21 खाताधारकों के खातों से 12 करोड़ से ज्यादा की हेराफेरी का आरोप
पुलिस में दर्ज FIR के अनुसार, अब तक 21 पीड़ितों के खातों से 11.24 करोड़ रुपये से लेकर 12 करोड़ रुपये से अधिक की रकम की हेराफेरी सामने आई है. वहीं, स्थानीय ग्राहकों और ग्रामीणों का अनुमान है कि कुल रकम 35 करोड़ रुपये से भी ज्यादा हो सकती है.
बैंक ने अब तक लौटाए 43 लाख रुपये
PNB के मुताबिक, इस मामले में तीन खाताधारकों के दावों का सत्यापन कर कुल 43 लाख रुपये का भुगतान किया गया है. बाकी ग्राहकों के दावों की जांच और दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है. बैंक का कहना है कि सभी वास्तविक और वैध दावों का नियमानुसार निपटारा किया जाएगा. जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई भी की जाएगी.
अब तक क्या कार्रवाई हुई?
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और संबंधित जांच एजेंसियां बैंक खातों तथा संदिग्ध लेनदेन की पड़ताल कर रही हैं. उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, बैंक के कुछ कर्मचारियों को निलंबित किया गया है और संदिग्ध लेनदेन से जुड़े फंड को फ्रीज करने की कार्रवाई भी की गई है. जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि रकम किन खातों में ट्रांसफर की गई और इस कथित धोखाधड़ी में किन लोगों की भूमिका रही. बैंक के आंतरिक रिकॉर्ड, ट्रांजैक्शन हिस्ट्री और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है.
PNB ने क्या कहा?
पंजाब नेशनल बैंक ने कहा है कि वह धोखाधड़ी, वित्तीय अनियमितताओं और कदाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाता है. बैंक के मुताबिक, जांच में जो भी व्यक्ति जिम्मेदार पाया जाएगा, उसके खिलाफ लागू नियमों और प्रक्रियाओं के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी.


