उत्तर प्रदेश में त्योहारों के दौरान बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिलने वाली है. धनतेरस से लेकर छठ पूजा तक प्रदेश में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं. इसके तहत शहरों से लेकर ग्रामीण इलाकों तक 24 घंटे बिजली सप्लाई बनाए रखने की तैयारी है. बिजली विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि त्योहारों के दौरान किसी तरह की परेशानी न हो.
ऊर्जा विभाग ने अधिकारियों को दिए निर्देश
प्रमुख सचिव ऊर्जा एवं पावर कॉरपोरेशन के अध्यक्ष रणवीर प्रसाद ने बुधवार को शक्तिभवन में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बिजली व्यवस्था की समीक्षा की. इस दौरान उन्होंने सभी डिस्कॉम के अधिकारियों को निर्देश दिया कि त्योहारों के समय बिजली आपूर्ति में किसी तरह की बाधा नहीं आनी चाहिए. उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी क्षेत्र में अनावश्यक बिजली कटौती न की जाए. यदि कहीं तकनीकी खराबी आती है तो तत्काल मरम्मत कराकर बिजली आपूर्ति बहाल की जाए.
खराब ट्रांसफार्मर तुरंत बदले जाएंगे
बिजली व्यवस्था को दुरुस्त रखने के लिए मरम्मत टीमों को पहले से तैयार रहने को कहा गया है. अधिकारियों को ट्रॉली ट्रांसफार्मरों की जांच पहले ही कराने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी ट्रांसफार्मर के खराब होने पर तुरंत वैकल्पिक व्यवस्था की जा सके. इसके साथ ही फीडर और ट्रांसफार्मर पर पड़ने वाले लोड की भी जांच की जाएगी, जिससे त्योहारों के दौरान ओवरलोडिंग की समस्या से बचा जा सके.
ढीले तार और झुके बिजली के खंभे होंगे ठीक
त्योहारों से पहले बिजली लाइनों की पेट्रोलिंग कराई जाएगी. इस दौरान ढीले तारों, झुके हुए बिजली के खंभों और घरों की छतों के पास से गुजर रही लाइनों को दुरुस्त किया जाएगा. अधिकारियों और कर्मचारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी संभावित समस्या को समय रहते दूर किया जा सके.
बिजली की शिकायत के लिए 1912 हेल्पलाइन
बिजली से जुड़ी शिकायतों के त्वरित निस्तारण के लिए कंट्रोल रूम बनाए गए हैं. उपभोक्ता बिजली संबंधी समस्याओं की शिकायत हेल्पलाइन नंबर 1912 पर कर सकेंगे। इस नंबर पर आने वाली शिकायतों की लगातार निगरानी की जाएगी. वहीं, पावर कॉरपोरेशन के प्रबंध निदेशक नीतीश कुमार ने स्कूलों के ऊपर से गुजर रही बिजली लाइनों को निर्धारित समय सीमा में हटाने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने इस काम में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी भी दी है.


