सीवान: बिहार के सीवान जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. जीबी नगर थाना क्षेत्र के सरैया गांव में 30 वर्षीय मोहम्मद नदीम हुसैन पर कथित तौर पर तेजाब डालकर उसे दुकान के अंदर बंद कर आग लगा दी गई. गंभीर रूप से झुलसे नदीम की इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया. परिजनों ने आरोप लगाया है कि हमलावरों ने पहले नदीम के चेहरे पर तेजाब फेंका और फिर उसे उसकी दुकान के अंदर बंद कर आग लगा दी.
बहन को रात आठ बजे मिली घटना की सूचना
मृतक की बहन अफसाना खातून के मुताबिक, बुधवार (4 नवंबर) रात करीब आठ बजे उन्हें अपने भाई के साथ हुई घटना की जानकारी मिली. वह तुरंत मौके पर पहुंचीं, जहां नदीम गंभीर हालत में मिला. परिजन उसे इलाज के लिए सीवान सदर अस्पताल लेकर पहुंचे। हालांकि, उसकी हालत बेहद गंभीर थी और उपचार के दौरान उसने दम तोड़ दिया. अफसाना का दावा है कि अस्पताल ले जाते समय नदीम ने उन्हें बताया था कि इस वारदात में तीन लोग शामिल थे. लेकिन उसकी हालत इतनी खराब थी कि वह किसी आरोपी का नाम नहीं बता सका.
सड़क पर शव रखकर परिजनों का प्रदर्शन
गुरुवार को पोस्टमार्टम के बाद परिजन नदीम का शव लेकर अलावलपुर पहुंचे. यहां उन्होंने सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन किया और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की. परिजनों ने जीबी नगर थानाध्यक्ष को निलंबित करने की मांग भी उठाई. मृतक की बहन अफसाना खातून ने कहा कि जब तक जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक मौके पर नहीं पहुंचेंगे, तब तक शव को सड़क से नहीं हटाया जाएगा. प्रदर्शन के कारण इलाके में तनाव की स्थिति बन गई और मौके पर पुलिस बल की तैनाती करनी पड़ी,
मौके पर पहुंचे SDO और SDPO, जांच का भरोसा
हंगामे की सूचना मिलने के बाद सदर एसडीओ आशुतोष कुमार गुप्ता और एसडीपीओ प्रांजल पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे. अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे परिजनों और स्थानीय लोगों को समझाने का प्रयास किया. एसडीओ ने बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है और पुलिस जांच कर रही है. दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि नदीम पर हमला किस वजह से किया गया और वारदात में शामिल लोग कौन थे.
बिहार में पहले भी सामने आ चुकी हैं तेजाब हमले की घटनाएं
सीवान की इस घटना से पहले भी बिहार में तेजाब हमलों के मामले सामने आए हैं. 12 अक्टूबर 2026 को बेगूसराय में एक युवती और महिला डॉक्टर पर तेजाब फेंकने की घटनाओं की खबर आई थी, वहीं, समस्तीपुर में 29 जुलाई को हुए तेजाब हमले में झुलसे प्रवीण नारायण की 22 अगस्त को इलाज के दौरान मौत हो गई थी. लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं ने महिलाओं और आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं.


