भारत भाग्य विधाता शो का प्रोमो बैनर, जिसमें शो के एंकर Vivek Pathak की तस्वीर दिखाई गई है। इसका प्रसारण सोमवार से शुक्रवार रात 9 बजे Bharat Update पर होता है।

धर्म या संविधान? ओवैसी ने देशभक्ति की परिभाषा पर छेड़ी नई बहस, BJP पर बोला बड़ा हमला

धर्म या संविधान? ओवैसी ने देशभक्ति की परिभाषा पर छेड़ी बहस
धर्म या संविधान? ओवैसी ने देशभक्ति की परिभाषा पर छेड़ी बहस

क्या देशभक्ति का मतलब केवल पूजा-पाठ और धार्मिक नारे लगाना है, या फिर संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों का सम्मान करना ही असली राष्ट्रप्रेम है? तेलंगाना में एक जनसभा के दौरान, एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने इसी सवाल को उठाते हुए देश की राजनीति में चल रही बहस पर तीखा बयान दिया है। उन्होंने केंद्र सरकार पर हमला करते हुए संविधान को देश की सर्वोपरि पहचान बताया और राष्ट्रवाद की मौजूदा परिभाषा पर सवाल उठाए।

ओवैसी ने जोर देकर कहा कि भारत का संविधान 24 जनवरी 1950 को अपनाया गया था और इसकी शुरुआत “वी द पीपल” (हम भारत के लोग) से होती है, न कि किसी धार्मिक पहचान से। उन्होंने स्पष्ट किया कि संविधान की प्रस्तावना आजादी, समानता, न्याय और भाईचारे की भावना को मजबूत करती है, और यही देश की असली ताकत है।

ओवैसी ने कहा कि संविधान का अनुच्छेद 25 हर नागरिक को धार्मिक स्वतंत्रता देता है, इसलिए किसी एक धर्म को देशभक्ति से जोड़ना पूरी तरह गलत है। उन्होंने सवाल किया कि अगर पूजा-पाठ को ही राष्ट्रवाद का पैमाना बना दिया जाए, तो फिर उन स्वतंत्रता सेनानियों को क्या जवाब दिया जाएगा जिन्होंने देश के लिए अपनी जान कुर्बान कर दी? उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि देशभक्ति का असली मतलब संविधान का सम्मान करना और सभी नागरिकों को बराबरी का अधिकार देना है।

ओवैसी ने इस दौरान केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी पर भी निशाना साधा। उन्होंने रूस से तेल आयात को लेकर सरकार की नीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब विदेशी ताकतें भारत के आर्थिक फैसलों पर दबाव बना रही थीं, तब बीजेपी का राष्ट्रवाद कहां था? उन्होंने दावा किया कि भारत ने रूस से तेल खरीद कम कर दी, जबकि चीन ने सस्ता तेल खरीदकर इसका फायदा उठाया, जिससे देश के हितों को नुकसान हुआ।

अपने भाषण में ओवैसी ने करीमनगर की स्थानीय समस्याओं को भी उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि स्मार्ट सिटी घोषित होने के बावजूद शहर में सड़क, जल निकासी और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं अब भी कमजोर हैं, खासकर मुस्लिम इलाकों की अनदेखी की गई है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे चुनाव में सोच-समझकर फैसला लें और ऐसे उम्मीदवारों का समर्थन न करें जो बाद में दल बदलकर जनता के भरोसे को तोड़ दें।

ओवैसी ने जोर देकर कहा कि देश की असली पहचान उसकी विविधता, भाईचारे और संविधान में निहित है, और इन्हीं मूल्यों की रक्षा करना हर नागरिक का परम कर्तव्य है।

संबंधित खबरें

SIM कार्ड के बदल गए नियम! आपके नाम पर मिली फर्जी सिम तो क्या होगा एक्शन, ऐसे करें चेक..।

‘विदेश जाते हैं तो भारत को बदनाम करते हैं…’, CM योगी का राहुल गांधी पर तीखा हमला

गुरुग्राम में भारी बारिश के बीच Work From Home की एडवाइजरी, 25 अगस्त को घर से काम करने की अपील

एस. जयशंकर मिले पुतिन से, कहा- BRICS समिट में स्वागत के लिए तैयार हैं भारत

चोट के चलते खतरों के खिलाड़ी 15 से बाहर हुए गौरव खन्ना, टूटा फैंस का दिल

Recommended Stories

SIM कार्ड के बदल गए नियम! आपके नाम पर मिली फर्जी सिम तो क्या होगा एक्शन, ऐसे करें चेक..।

‘विदेश जाते हैं तो भारत को बदनाम करते हैं…’, CM योगी का राहुल गांधी पर तीखा हमला

गुरुग्राम में भारी बारिश के बीच Work From Home की एडवाइजरी, 25 अगस्त को घर से काम करने की अपील

एस. जयशंकर मिले पुतिन से, कहा- BRICS समिट में स्वागत के लिए तैयार हैं भारत

चोट के चलते खतरों के खिलाड़ी 15 से बाहर हुए गौरव खन्ना, टूटा फैंस का दिल