उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले में हाल ही में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहाँ सलेमपुर क्षेत्र में हाईटेंशन तार की चपेट में आने से एक ट्रक चालक की मौके पर ही मौत हो गई। इस भीषण घटना ने एक बार फिर बिजली विभाग और संबंधित विभागों की लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मिली जानकारी के अनुसार, यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना सलेमपुर थाना क्षेत्र के विराजमार गांव के पास तब हुई जब एक ट्रक धनौती की ओर से सलेमपुर जा रहा था। सड़क से गुजरते समय ट्रक का ऊपरी हिस्सा अचानक 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन से छू गया। तार से संपर्क होते ही ट्रक में तेज चिंगारी के साथ आग लग गई और देखते ही देखते पूरा केबिन आग की लपटों में घिर गया।
हादसे के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। स्थानीय लोगों ने तुरंत दूरी बनाते हुए बिजली विभाग को सूचित किया और बिजली आपूर्ति बंद होने के बाद आग बुझाने का प्रयास किया। हालांकि, तब तक ट्रक चालक गंभीर रूप से झुलस चुका था और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की पहचान 55 वर्षीय रामप्रताप कुशवाहा, पुत्र हरदेव कुशवाहा के रूप में हुई है। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
इस दुखद घटना के बाद मृतक रामप्रताप कुशवाहा के परिवार में मातम पसरा हुआ है। वहीं, ग्रामीणों ने इस हादसे का मुख्य कारण नीचे लटक रहे हाईटेंशन तारों को बताया है और संबंधित विभागों पर घोर लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र में बिजली लाइनों की ऊंचाई और सुरक्षा मानकों की तत्काल जांच की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी जानलेवा घटनाओं को रोका जा सके।
यह घटना बिजली विभाग और प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। उम्मीद है कि इस मामले में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई की जाएगी ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदियों की पुनरावृत्ति न हो और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।









