प्रधानमंत्री मोदी ने कैप्टन माछरा से फ़ोन करके बात करी उन्होंने फ्लाइट में हुए मामले का पूरा विवरण जाना और कैप्टन स्मित माछरा का हाल पूछा, पीएम मोदी ने माछरा की बहादुरी की तारीफ, उन्होंने कैप्टन के जल्द ठीक होने की कामना की, कैप्टन माछरा ने पीएम मोदी को फ्लाइट में हुए घटना और उन्हें हिम्मत कहा से मिली, इसके बारे में जानकारी साझा की,कैप्टन स्मित ने बताया कि विमान में संकट के समय वह हनुमान चालीसा का जाप कर रहे थे, उन्होंने बताया कि जब भी वह किसी मुश्किल में होते हैं तो हनुमान चालीसा का पाठ करते हैं. उन्होंने कहा कि उस मुश्किल वक्त में भी वह हनुमान चालीसा पढ़ रहे थे. उन्होंने कहा कि मैं गिर गया था लेकिन किसी तरह उठकर कॉकपिट खोला. अभी स्मित माछरा का इलाज अबू धाबी के हॉस्पिटल में चल रहा है.
पीएम मोदी ने गुरुवार को स्मित के परिवारवालों से भी बात की थी. इसके बाद पीएम ने एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए देशवासियों से स्मित के जल्दी स्वस्थ होने के लिए कामना करने की अपील की थी.
मैं नीचे गिरा हुआ था, तब मुझे एहसास हो रहा था कि स्थिति खराब हो रही है’
स्मित ने कहा, मुझे ऐसा महसूस हुआ अगर मैं नहीं खड़ा हुआ और कोई ठोस क़दम नहीं उठाया, तो हालत और बिगड़ सकती है. मई 17 साल से जहाज़ उड़ा रहा हूँ और 11 साल से कैप्टन हूँ. मुझे आँख बंद करके भी पता चल जाता है की फ्लाइट में क्या हो रहा है. उन्होंने कहा, जब मैं नीचे गिरा हुआ था, तब मुझे एहसास हो रहा था कि स्थिति खराब हो रही है।”
कैप्टन माछरा ने कहा कि उन्होंने अंतिम कोशिश करते हुए कॉकपिट का दरवाजा खोला, जिसके बाद अन्य लोग आ सके. उन्होंने कहा कि इस पूरी कोशिश में बाकी लोगों की भी अहम भूमिका थी. उन्होंने कहा, “मैं अपनी जान बचाने के हिसाब से कर रहा था, लेकिन उसी समय मुझे पता था कि मैं उन लोगों को मरने नहीं दे सकता.”
क्या कहा पीएम मोदी ने ?
पीएम मोदी ने कहा था, ”बुधवार को घटना घटी, जिसमें भारत के कैप्टन स्मित ने धैर्य, सूझबूझ और साहस का परिचय दिया है. कल इजरायल के प्रधानमंत्री ने कहा है कि भारत ने 9/11 होने से बचा लिया है. उनका यह पराक्रम हमें गौरव से भर देता है. आज पूरी दुनिया पर गर्व कर रही है. हम सभी स्मित की दीर्घायु के लिए प्रार्थना करें और उनका अभिनंदन करें.”
पीएम मोदी ने इसके साथ ही एक्स पोस्ट में कहा कि कैप्टन स्मित माछर एक हीरो हैं. बेहद खतरनाक हालात और गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद, उन्होंने दूसरों की जान बचाने के लिए जबरदस्त हिम्मत और अटूट संकल्प दिखाया. उनकी बहादुरी से सैकड़ों लोगों की जान बची और एक बड़ी त्रासदी टल गई. भारत को कैप्टन माछर पर गर्व है.
क्या हुआ था विमान में ?
बुधवार (30 सितंबर) को को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाई दुबई एयरलाइन की उड़ान एफजेड1073 के कॉकपिट में माछर को उनके को-पायलट ने चाकू मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिया था. विमान में 174 लोग सवार थे. घटना के बाद विमान को सऊदी अरब के तबुक में आपात स्थिति में उतारना पड़ा था. जिसके बाद माछर की बहादुरी देखकर दुनियाभर में उनकी तारीफ हो रही है.
विमान के भीतर हुई घटना को लेकर आतंकी साजिश से इनकार नहीं किया गया है. यूएई इसकी जांच में जुटा है. फ्लाइट के एक यात्री जो कि डेंटिस्ट हैं उन्होंने बताया है कि हमलावर पकड़े जाने के बाद चिल्ला चिल्लाकर अपनी जान लेने की गुहार लगा रहा था.
डेंटिस्ट शोता मुसाएव के मुताबिक वो पायलट माछर की मदद के लिए दौड़े – जबकि हमलावर उनसे अपनी जान लेने की गुहार लगा रहा था. यात्रियों के चार लोगों के ग्रुप ने ‘हमलावर को गर्दन से पकड़ा’ और उसे कॉकपिट से बाहर खींचा. इसके बाद हमलावर के हाथ और पैर बांधे जिसके बाद उसने कहा मुझे मार डालो.