हाल ही में टी20 विश्व कप के एक बेहद रोमांचक मुकाबले में इंग्लैंड ने पाकिस्तान को 2 विकेट से मात देकर सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। इस जीत के साथ इंग्लैंड लगातार पांचवीं बार अंतिम चार में पहुंचने वाली टीम बन गई है। वहीं, पाकिस्तान के लिए अब टूर्नामेंट में आगे का सफर काफी चुनौतीपूर्ण हो गया है, क्योंकि उनकी उम्मीदें अब अन्य टीमों के प्रदर्शन पर टिकी हैं।
इस हाई-वोल्टेज मुकाबले में पाकिस्तान ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 9 विकेट पर 164 रन बनाए। जवाब में, इंग्लैंड की शुरुआत अच्छी नहीं रही जब शाहीन अफरीदी ने शुरुआती ओवरों में फिल सॉल्ट, जोस बटलर और जैकब बेथेल को सस्ते में आउट कर दिया। हालांकि, कप्तान हैरी ब्रूक ने एक छोर संभाले रखा और अपनी शानदार बल्लेबाजी से टीम को मुश्किल से निकाला। ब्रूक ने सिर्फ 50 गेंदों पर अपना शतक पूरा किया और 100 रन की महत्वपूर्ण पारी खेलकर टीम को जीत के करीब पहुंचाया। उनकी यह पारी टी20 विश्व कप में कप्तान द्वारा बनाया गया पहला शतक है और वह टूर्नामेंट में लक्ष्य का पीछा करते हुए शतक लगाने वाले चौथे बल्लेबाज भी बन गए हैं।
इंग्लैंड ने 19.1 ओवर में 8 विकेट खोकर 166 रन बनाकर मैच अपने नाम किया। ब्रूक के अलावा, विल जैक्स (23 गेंदों पर 28 रन) और सैम करन (15 गेंदों पर 16 रन) ने भी कुछ महत्वपूर्ण रन जोड़े। मैच का नतीजा आखिरी ओवर तक रोमांचक रहा, जहां इंग्लैंड को छह गेंदों पर तीन रन चाहिए थे और जोफ्रा आर्चर ने पहली ही गेंद पर चौका जड़कर टीम को जीत दिला दी। पाकिस्तान की ओर से शाहीन अफरीदी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चार विकेट झटके, जबकि मोहम्मद नवाज और उस्मान तारिक ने दो-दो विकेट लिए, लेकिन वे ब्रूक की पारी को नहीं रोक पाए।
इस हार के साथ पाकिस्तान के लिए सेमीफाइनल की राह बेहद कठिन हो गई है। उनका एक पिछला मुकाबला बारिश के कारण धुल गया था और अब उनके पास केवल एक मैच बचा है। अगर पाकिस्तान वह मुकाबला जीत भी लेता है, तो उनके केवल तीन अंक होंगे, जिससे श्रीलंका और न्यूजीलैंड के पास उन्हें पीछे छोड़ने का मौका रहेगा। इस बीच, हैरी ब्रूक ने टी20 विश्व कप में इंग्लैंड के लिए सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर बनाने वाले तीसरे बल्लेबाज बनने के साथ-साथ क्रिस गेल के 98 रनों के रिकॉर्ड को तोड़ते हुए टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा व्यक्तिगत स्कोर बनाने का रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया है।
इंग्लैंड की यह जीत न केवल उन्हें सेमीफाइनल में ले गई है, बल्कि ब्रूक की ऐतिहासिक पारी ने इस मुकाबले को यादगार बना दिया है। वहीं, पाकिस्तान को अब टूर्नामेंट में बने रहने के लिए अन्य मैचों के नतीजों पर निर्भर रहना होगा और चमत्कार की उम्मीद करनी होगी।









