Varanasi में घरेलू एलपीजी गैस आपूर्ति पर दबाव बढ़ता नजर आ रहा है। पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के कारण ऊर्जा आपूर्ति को लेकर बनी आशंकाओं का असर अब शहर में भी दिखाई देने लगा है। गैस बुकिंग कराने के बावजूद उपभोक्ताओं को एक सप्ताह से लेकर 10 दिनों तक सिलेंडर का इंतजार करना पड़ रहा है।
गैस की देरी से आपूर्ति के कारण उपभोक्ता लगातार एजेंसियों से संपर्क कर रहे हैं। कई लोग गैस गोदामों और एजेंसियों के चक्कर भी लगा रहे हैं। टकटकपुर स्थित वाराणसी गैस गोदाम पर सुबह करीब सात बजे लगभग 20 लोग पर्ची और खाली सिलेंडर लेकर पहुंच गए। सामान्य दिनों में यहां सुबह के समय 10 से भी कम लोग दिखाई देते हैं।
उपभोक्ताओं के आंकड़े
- कुल एलपीजी उपभोक्ता: 10,65,634
- कमर्शियल एलपीजी उपभोक्ता: 5,255
- घरेलू पीएनजी उपभोक्ता: 65,000
- उद्योगों में पीएनजी उपभोक्ता: 31
गोदाम इंचार्ज दशरथ सोनकर के अनुसार प्रतिदिन एक ट्रक गैस सिलेंडर आ रहा है और एजेंसियों के माध्यम से क्रमवार आपूर्ति की जा रही है। हालांकि कमर्शियल सिलेंडर की आपूर्ति फिलहाल प्रभावित है, जिससे होटल, रेस्टोरेंट, कैटरर और मैरिज लान संचालकों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
इस बीच घरों तक पाइपलाइन से मिलने वाली पीएनजी गैस की आपूर्ति सामान्य बनी हुई है।
वहीं एडीएम आपूर्ति अमित कुमार ने बताया कि पहले से लंबित बुकिंग को जल्द पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन के अनुसार नई व्यवस्था में 25 दिन के अंतराल पर बुकिंग होगी और बुकिंग के अगले दिन सिलेंडर उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि गैस की कमी नहीं है, बल्कि जमाखोरी रोकने के लिए यह व्यवस्था लागू की गई है।
उपभोक्ता मधुलिका सिंह ने बताया कि उन्होंने 5 मार्च को ऑनलाइन गैस बुक की थी। सामान्य तौर पर तीन दिन में सिलेंडर मिल जाता था, लेकिन छह दिन बाद भी डिलीवरी नहीं हुई। वहीं रमेश कुमार मिश्र ने भी कई बार एजेंसी से संपर्क करने के बावजूद गैस न मिलने की शिकायत की है।
लगातार फोन कॉल से परेशान होकर कुछ गैस एजेंसी संचालकों ने मोबाइल बंद रखना शुरू कर दिया है। वहीं प्रशासन ने गोदामों और एजेंसियों पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने और पुलिस गश्त कराने के निर्देश दिए हैं।









