भारत और श्रीलंका के बीच दूसरा टेस्ट मैच 23 अगस्त से कोलंबो में खेला जाना है। मुकाबले से पहले टीम इंडिया के प्लेइंग इलेवन को लेकर चर्चा तेज हो गई है। इसी बीच पूर्व भारतीय बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा ने कुलदीप यादव को लेकर अहम बयान दिया है। पुजारा ने उन अटकलों का विरोध किया है, जिनमें कहा जा रहा है कि दूसरे टेस्ट में कुलदीप को बाहर कर उनकी जगह सारांश जैन को मौका दिया जा सकता है।
कुलदीप को ड्रॉप करने के खिलाफ पुजारा
श्रीलंका के खिलाफ पहले टेस्ट में कुलदीप यादव दोनों पारियों में सिर्फ एक विकेट ले सके थे। इसके बावजूद पुजारा का मानना है कि उन्हें प्लेइंग इलेवन से बाहर करना सही फैसला नहीं होगा। उन्होंने कहा कि कुलदीप जैसे अनुभवी और प्रभावी गेंदबाज को एक और मौका मिलना चाहिए।
पुजारा के मुताबिक, अगर दूसरे टेस्ट में अचानक कुलदीप को बाहर किया जाता है तो इससे उनका आत्मविश्वास और मनोबल प्रभावित हो सकता है।
‘मुझे बहुत निराशा होगी…’
ईएसपीएन क्रिकइन्फो के साथ चर्चा में चेतेश्वर पुजारा ने कहा कि भारत को दूसरे टेस्ट में अपनी प्लेइंग इलेवन में ज्यादा बदलाव नहीं करने चाहिए।
उन्होंने कहा कि वह सुन रहे हैं कि श्रीलंका की टीम में बाएं हाथ के बल्लेबाजों की संख्या को देखते हुए कुलदीप यादव की जगह सारांश जैन को शामिल किया जा सकता है। पुजारा ने इस संभावित बदलाव पर असहमति जताते हुए कहा कि उन्हें ऐसा होने पर व्यक्तिगत रूप से काफी निराशा होगी।
पुजारा ने कुलदीप की तारीफ करते हुए कहा कि टेस्ट क्रिकेट में लगातार बदलाव करने के बजाय खिलाड़ियों पर भरोसा करना जरूरी है। उनके मुताबिक, जीतने वाली प्लेइंग इलेवन में बदलाव नहीं किया जाना चाहिए और कुलदीप को दूसरे टेस्ट में भी मौका मिलना चाहिए।
श्रीलंका सीरीज से पहले कुलदीप का रिकॉर्ड मजबूत
श्रीलंका के खिलाफ सीरीज से पहले कुलदीप यादव का टेस्ट रिकॉर्ड भी उनके पक्ष में रहा है। पिछली 10 टेस्ट पारियों में वह 23 विकेट हासिल कर चुके थे। ऐसे में पुजारा का मानना है कि एक मैच के प्रदर्शन के आधार पर उन्हें बाहर करना उचित नहीं होगा।
पहले टेस्ट में भले ही कुलदीप उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सके, लेकिन उनकी गेंदबाजी में विकेट लेने की क्षमता और अनुभव को देखते हुए उन्हें टीम में बनाए रखने की जरूरत है।
पहले टेस्ट में कुलदीप से कराई गई कम गेंदबाजी
पहले टेस्ट में कुलदीप यादव को रविंद्र जडेजा और मानव सुतार की तुलना में काफी कम गेंदबाजी कराई गई। कप्तान शुभमन गिल ने कुलदीप से छोटे-छोटे स्पेल में गेंदबाजी कराई।
पहली पारी में रविंद्र जडेजा ने 21 ओवर और मानव सुतार ने 21.4 ओवर गेंदबाजी की, जबकि कुलदीप को सिर्फ 14 ओवर मिले। दूसरी पारी में जडेजा ने 23 ओवर और सुतार ने 23.4 ओवर किए, वहीं कुलदीप को केवल 11 ओवर गेंदबाजी करने का मौका मिला।
दूसरे टेस्ट में क्या होगा टीम इंडिया का कॉम्बिनेशन?
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि कोलंबो टेस्ट में टीम इंडिया किस प्लेइंग इलेवन के साथ उतरती है। क्या कप्तान शुभमन गिल और कोच गौतम गंभीर कुलदीप यादव पर भरोसा बनाए रखेंगे या श्रीलंका के बाएं हाथ के बल्लेबाजों को देखते हुए टीम में बदलाव किया जाएगा?
पुजारा के बयान ने इस बहस को और दिलचस्प बना दिया है। एक तरफ टीम कॉम्बिनेशन और परिस्थितियों को देखते हुए बदलाव की चर्चा है, तो दूसरी तरफ कुलदीप के अनुभव और हालिया टेस्ट रिकॉर्ड को देखते हुए उन्हें एक और मौका देने की मांग उठ रही है।
अब देखना होगा कि 23 अगस्त से शुरू होने वाले दूसरे टेस्ट में टीम मैनेजमेंट किस विकल्प पर भरोसा जताता है।