इस्लामाबाद: पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में शुक्रवार की नमाज के दौरान एक मस्जिद को निशाना बनाकर बड़ा आत्मघाती हमला किया गया। कोहाट के पुलिस लाइंस परिसर में हुए इस हमले में कई पुलिसकर्मियों और आम नागरिकों की मौत हुई है। ताजा स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक मृतकों की संख्या 22 तक पहुंच गई है, जबकि 100 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।
मस्जिद में नमाज के दौरान हुआ धमाका
यह हमला कोहाट के पुराने पुलिस लाइंस इलाके में स्थित मस्जिद में हुआ। शुक्रवार की नमाज के लिए बड़ी संख्या में लोग वहां मौजूद थे। इसी दौरान विस्फोटक से भरी एक गाड़ी को परिसर की बाहरी दीवार के पास टकरा दिया गया, जिसके बाद जोरदार धमाका हुआ।
धमाके से मस्जिद और आसपास की इमारतों को भारी नुकसान पहुंचा। घटनास्थल पर मलबा फैल गया और कई लोग उसमें दब गए। घायलों को तत्काल आसपास के अस्पतालों में पहुंचाया गया।
हमले के बाद पुलिस परिसर में घुसे हमलावर
पुलिस के मुताबिक शुरुआती विस्फोट के बाद कई हथियारबंद हमलावर पुलिस परिसर में घुस गए। इसके बाद सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच गोलीबारी शुरू हो गई। पुलिस ने कई हमलावरों को मार गिराने का दावा किया है।
सुरक्षा बलों ने परिसर में लंबे समय तक अभियान चलाया और अंदर मौजूद आतंकियों को बाहर निकालने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों के कई जवान भी हताहत हुए।
बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी भी मारे गए
हमले में पुलिसकर्मियों के साथ आम नागरिक भी मारे गए हैं। अस्पताल प्रशासन के मुताबिक घायलों में बड़ी संख्या पुलिसकर्मियों की है। कई घायलों की हालत गंभीर बताई गई है, इसलिए मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका भी जताई गई है।
रेस्क्यू टीमों ने घटनास्थल से घायलों और शवों को बाहर निकाला। अस्पतालों में आपात स्थिति घोषित कर इलाज शुरू किया गया।
किसने किया हमला?
हमले की जिम्मेदारी को लेकर शुरुआती रिपोर्टों में अलग-अलग दावे सामने आए हैं। कुछ पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्टों में हाफिज गुल बहादुर के नेतृत्व वाले इत्तेहाद-उल-मुजाहिदीन द्वारा जिम्मेदारी लेने की बात कही गई है, जबकि Reuters ने शुरुआती रिपोर्ट में कहा था कि तत्काल किसी संगठन ने जिम्मेदारी नहीं ली थी। तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) ने भी हमले में शामिल होने से इनकार किया है।
पाकिस्तानी अधिकारियों ने हमले के पीछे आतंकियों और सीमा पार मौजूद ठिकानों को लेकर आरोप लगाए हैं, हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
पाकिस्तान में बढ़ी आतंकी घटनाओं के बीच हमला
खैबर पख्तूनख्वा लंबे समय से आतंकी हिंसा से प्रभावित रहा है। पुलिस और सुरक्षा बलों को अक्सर आतंकवादी संगठनों की ओर से निशाना बनाया जाता रहा है। कोहाट का यह हमला भी ऐसे समय हुआ है जब क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर पहले से अलर्ट है।
हमले के बाद पाकिस्तान के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और खैबर पख्तूनख्वा के अधिकारियों ने घटना की निंदा की है। सुरक्षा एजेंसियां अब हमले में शामिल लोगों और इसके पीछे मौजूद नेटवर्क की जांच कर रही हैं।