गाजीपुर में एक कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश के मंत्री रवींद्र जायसवाल ने विपक्षी नेताओं पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव को निशाने पर लेते हुए नागरिकता से जुड़े मुद्दों और मतदान प्रक्रिया पर गंभीर आरोप लगाए। मंत्री जायसवाल ने ममता पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया, वहीं अखिलेश यादव पर एक वर्ग विशेष को मतदान के लिए उकसाने का दावा किया।
उत्तर प्रदेश के मंत्री रवींद्र जायसवाल गाजीपुर के करमपुर स्थित मेघबरन हॉकी स्टेडियम में एक हॉकी प्रतियोगिता का उद्घाटन करने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बात करते हुए दो बड़े विपक्षी नेताओं के बयानों पर पलटवार किया।
ममता बनर्जी पर दोहरी राजनीति का आरोप
मंत्री रवींद्र जायसवाल ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा कि ममता ने लोगों से कहा था कि ‘जो फॉर्म लेकर आए, तो चाकू का इस्तेमाल करना।’ मंत्री जायसवाल ने दावा किया कि जनता को गुमराह करने के बाद, ममता बनर्जी ने खुद चुपचाप ‘एसआईआर’ (नागरिकता से संबंधित फॉर्म) का फॉर्म भर दिया। जायसवाल ने स्पष्ट किया कि जो भी बांग्लादेशी नागरिक अवैध रूप से भारत में रह रहे हैं, उन्हें वापस उनके देश भेजा जाएगा या फिर उन्हें जेल में डाला जाएगा।
अखिलेश यादव पर लगाया गंभीर आरोप
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर हमला बोलते हुए रवींद्र जायसवाल ने आरोप लगाया कि उनके उकसाने पर ही एक वर्ग विशेष के लोग मतदान के लिए ‘जेहाद’ कर रहे हैं। मंत्री रवींद्र जायसवाल ने कहा कि ऐसे लोग जानबूझकर कई जगहों पर वोट डालने के लिए अपना नाम दर्ज करा चुके हैं।
मंत्री रवींद्र जायसवाल के इन बयानों ने विपक्षी दलों पर दबाव बढ़ा दिया है, जिससे नागरिकता कानून और चुनावी प्रक्रिया की पवित्रता को लेकर राजनीतिक गलियारों में गरमागरम बहस छिड़ गई है।









