उत्तर प्रदेश सरकार ने किसानों और टैक्सी चालकों के लिए दो अहम पहलों की घोषणा की है। मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के तहत पात्र किसानों को खेती और उससे जुड़े कार्यों के लिए कम ब्याज दर पर कर्ज उपलब्ध कराने की योजना है। वहीं, भारत टैक्सी सेवा के जरिए टैक्सी चालकों को कमीशन मुक्त कमाई का अवसर देने की बात कही गई है।
6 प्रतिशत ब्याज पर मिलेगा किसान क्रेडिट
मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना का उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को खेती से जुड़ी जरूरतों के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराना है। योजना के तहत पात्र किसानों को 6 लाख रुपये तक का ऋण दिए जाने का प्रावधान बताया गया है। इस कर्ज पर सालाना ब्याज दर करीब 6 प्रतिशत रखी गई है।
इस रकम का इस्तेमाल सिंचाई व्यवस्था विकसित करने, कृषि उपकरण खरीदने और खेती से जुड़े अन्य कार्यों के लिए किया जा सकता है। इससे किसानों को खेती के जरूरी खर्चों को पूरा करने में आर्थिक मदद मिलने की उम्मीद है।
ब्याज में सब्सिडी का प्रावधान
योजना में किसानों को ब्याज पर राहत देने के लिए सरकार की ओर से करीब 5 प्रतिशत ब्याज सब्सिडी का प्रावधान बताया गया है। यह लाभ निर्धारित शर्तों को पूरा करने और समय पर ऋण की किस्त चुकाने वाले पात्र किसानों को मिल सकता है। इस योजना को लागू करने की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक लिमिटेड के माध्यम से किए जाने की बात कही गई है।
कौन ले सकता है योजना का लाभ?
योजना का लाभ लेने के लिए किसान का उत्तर प्रदेश का पात्र निवासी होना और खेती से संबंधित वैध दस्तावेज होना जरूरी होगा। ऋण स्वीकृत करने से पहले बैंक आवेदक की पात्रता और उपलब्ध दस्तावेजों की जांच करेगा।
आवेदन के लिए पैन कार्ड, फोटो, बैंक खाते की जानकारी, निवास प्रमाण पत्र और जमीन से जुड़े दस्तावेजों की जरूरत पड़ सकती है। कृषि कार्य से जुड़े ऋण के लिए प्रोजेक्ट रिपोर्ट भी मांगी जा सकती है।
ऑनलाइन और बैंक शाखा से आवेदन
किसानों की सुविधा के लिए ऑनलाइन आवेदन की व्यवस्था किए जाने की जानकारी दी गई है। इसके अलावा पात्र किसान संबंधित उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक की शाखा में जाकर भी आवेदन कर सकते हैं। आवेदन से पहले जमीन के रिकॉर्ड और खतौनी को अपडेट रखना जरूरी होगा। यदि किसान पर पहले से कोई ऋण बकाया है, तो उसकी जानकारी बैंक को देना भी आवश्यक होगा।
भारत टैक्सी सेवा से 50 हजार चालकों को जोड़ने की योजना
सरकार ने परिवहन क्षेत्र में भारत टैक्सी सेवा शुरू करने की भी घोषणा की है। शुरुआती चरण में करीब 50 हजार टैक्सी चालकों को इस सेवा से जोड़ने का लक्ष्य बताया गया है। इस मॉडल की प्रमुख विशेषता ड्राइवरों से कमीशन नहीं लेना है। यानी सेवा से जुड़े चालकों को अपनी कमाई में कमीशन के रूप में हिस्सा नहीं देना होगा।
चालकों को मिलेगा 5 लाख रुपये का बीमा
भारत टैक्सी सेवा से जुड़ने वाले चालकों के लिए 5 लाख रुपये तक के बीमा कवर का भी प्रावधान बताया गया है। इस पहल का उद्देश्य टैक्सी चालकों को बेहतर आय के साथ सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा उपलब्ध कराना है।
इस तरह मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना किसानों को कम ब्याज पर वित्तीय सहायता देने पर केंद्रित है, जबकि भारत टैक्सी सेवा का उद्देश्य टैक्सी चालकों के लिए कमीशन मुक्त प्लेटफॉर्म और बीमा जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराना है।