Loading...
  • ... अपडेट हो रहा है
  • ... अपडेट हो रहा है
  • ... अपडेट हो रहा है
24K Gold
Loading...
Silver (1kg)
Loading...
24K Gold
Loading...
ताज़ा ख़बरें
Loading updates...

होम

शॉर्ट अपडेट

ब्रेकिंग

लाइव टीवी

मेन्यू

धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद प्रह्लाद जोशी ने संभाला शिक्षा मंत्रालय का कार्यभार

शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी
शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी

नई दिल्ली: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वरिष्ठ केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 25 जुलाई 2026 को प्रधानमंत्री की सलाह पर धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया था। इसके बाद प्रह्लाद जोशी ने शिक्षा मंत्री का पदभार संभाल लिया।

पदभार ग्रहण करने के बाद प्रह्लाद जोशी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “आज मैंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री का पद संभाला। मैं माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभारी हूं कि उन्होंने मुझ पर भरोसा जताते हुए यह जिम्मेदारी सौंपी। मैं इसे विनम्रता और कर्तव्य की गहरी भावना के साथ स्वीकार करता हूं।”

मौजूदा मंत्रालयों के साथ शिक्षा मंत्रालय की भी जिम्मेदारी

प्रह्लाद जोशी फिलहाल उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय का कार्यभार संभाल रहे हैं। अब उन्हें शिक्षा मंत्रालय की अतिरिक्त जिम्मेदारी भी दी गई है।

साधारण परिवार से राष्ट्रीय राजनीति तक का सफर

प्रह्लाद जोशी का जन्म 27 नवंबर 1962 को कर्नाटक के विजयपुरा में एक साधारण परिवार में हुआ था। बचपन से ही उनकी रुचि सामाजिक कार्यों और जनहित के मुद्दों में रही। छात्र जीवन के दौरान भी वे सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय रहे और लोगों से जुड़े विषयों पर काम करते रहे।

1995 में शुरू हुआ राजनीतिक सफर

प्रह्लाद जोशी ने अपने सक्रिय राजनीतिक जीवन की शुरुआत 1995 में की। वर्ष 1995 से 1998 तक वे धारवाड़ में भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष रहे। इसके बाद 1998 से 2003 तक उन्होंने भाजपा के जिला महासचिव के रूप में संगठन को मजबूत किया।

बाद में उन्होंने कर्नाटक की धारवाड़ लोकसभा सीट से चुनाव लड़कर कांग्रेस उम्मीदवार बी.एस. पाटिल को हराया और पहली बार सांसद बने। इसके बाद उन्होंने लगातार पांच बार इसी सीट से जीत दर्ज कर अपनी मजबूत राजनीतिक पहचान बनाई।

2019 में पहली बार बने केंद्रीय मंत्री

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूसरे कार्यकाल में 30 मई 2019 को प्रह्लाद जोशी पहली बार केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल हुए। उन्हें संसदीय कार्य मंत्री बनाया गया। बाद में उन्होंने कोयला मंत्रालय की जिम्मेदारी भी संभाली।

मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल में उन्हें उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय तथा नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय का प्रभार सौंपा गया। अब शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त कार्यभार मिलने के बाद उनकी जिम्मेदारियां और बढ़ गई हैं।

शिक्षा मंत्रालय के सामने होंगी अहम चुनौतियां

प्रह्लाद जोशी ऐसे समय में शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं, जब प्रतियोगी परीक्षाओं की पारदर्शिता, राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) का प्रभावी क्रियान्वयन, डिजिटल शिक्षा को मजबूत करना और परीक्षा प्रणाली में सुधार सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल हैं। माना जा रहा है कि उनके प्रशासनिक अनुभव और संगठनात्मक क्षमता को देखते हुए सरकार ने उन्हें यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी है।

संबंधित खबरें

अगस्त में IPO की बहार! Zepto समेत 12 से ज्यादा कंपनियां बाजार में उतरेंगी, निवेशकों के लिए बड़ा मौका

सीएम योगी का विपक्ष पर हमला, बोले- ‘सपा के गुंडों ने जीना हराम कर रखा था, आज यूपी बना……….’

ग्रेटर नोएडा में गड्ढे में गिरकर 6 साल के मासूम की मौत, ठेकेदार गिरफ्तार, 3 पर FIR दर्ज

धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद प्रह्लाद जोशी ने संभाला शिक्षा मंत्रालय का कार्यभार

धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा PM मोदी की सोची-समझी रणनीति? जानिए फैसले के पीछे की इनसाइड स्टोरी

Recommended Stories

अगस्त में IPO की बहार! Zepto समेत 12 से ज्यादा कंपनियां बाजार में उतरेंगी, निवेशकों के लिए बड़ा मौका

सीएम योगी का विपक्ष पर हमला, बोले- ‘सपा के गुंडों ने जीना हराम कर रखा था, आज यूपी बना……….’

ग्रेटर नोएडा में गड्ढे में गिरकर 6 साल के मासूम की मौत, ठेकेदार गिरफ्तार, 3 पर FIR दर्ज

धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद प्रह्लाद जोशी ने संभाला शिक्षा मंत्रालय का कार्यभार

धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा PM मोदी की सोची-समझी रणनीति? जानिए फैसले के पीछे की इनसाइड स्टोरी