बंगाल की राजनीति में एक बार फिर सबसे बड़ा सियासी मुकाबला शुरू हो चुका है। साल 2021 में ‘खेला होबे’ के नारे ने टीएमसी को जीत दिलाई थी, लेकिन अब 2026 के विधानसभा चुनावों के लिए ममता बनर्जी और बीजेपी दोनों ने कमर कस ली है। एक तरफ मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने युवाओं को साधने के लिए बड़ा दांव चला है, वहीं दूसरी तरफ बीजेपी दक्षिण बंगाल के उस अभेद्य दुर्ग को भेदने के लिए पूरी ताकत लगा रही है जहाँ टीएमसी सबसे मजबूत मानी जाती है।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपनी महत्वाकांक्षी योजना ‘बांग्लार युवा साथी’ के कैंप पूरे राज्य में शुरू कर दिए हैं। यह योजना सीधे राज्य के युवाओं को लक्षित करती है। इसके तहत 21 से 40 वर्ष के बेरोजगार युवाओं को 1500 रुपए प्रति माह का भत्ता दिया जा रहा है। ममता बनर्जी जानती हैं कि रोजगार एक ऐसा मुद्दा है जिस पर विपक्ष उन्हें घेरता रहा है। तृणमूल का मानना है कि यह योजना सीधे तौर पर राज्य के करोड़ों युवाओं के बैंक खातों तक पहुँच कर 2021 के ‘लक्ष्मी भंडार’ जैसा ही करिश्मा दोहराएगी, जिसने महिला वोटरों को जोड़ा था।बीजेपी इस बार केवल रक्षात्मक नहीं है। साल्ट लेक स्थित राज्य मुख्यालय में हुई कोर कमेटी की बैठक में एक आक्रामक रणनीति पर मुहर लगाई गई है। बीजेपी ‘परिवर्तन रथ यात्रा’ निकालने जा रही है, जिसका केंद्र दक्षिण बंगाल होगा। बीजेपी की नजर उन 150 विधानसभा क्षेत्रों पर है जहाँ 2024 के लोकसभा चुनावों में उन्होंने टीएमसी को कड़ी चुनौती दी थी। बीजेपी का मुख्य नारा साफ है—’भ्रष्टाचार हटाओ, बंगाल बचाओ’।इस चुनावी जंग को धार देने के लिए, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह फरवरी के अंत में बंगाल के दौरे पर आ रहे हैं। आधिकारिक तौर पर वे BSF के कार्यक्रम में शिरकत करेंगे, लेकिन उनका असली मिशन बीजेपी के सांगठनिक ढांचे को अंतिम रूप देना होगा। इस बार बीजेपी ने हर सीट के लिए 3 संभावित उम्मीदवारों के नाम दिल्ली भेजकर ‘फॉर्मूला-3’ अपनाया है। बीजेपी का लक्ष्य ब्रिगेड परेड ग्राउंड में रथ यात्रा का समापन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महा-रैली के साथ करना है।
एक ओर 1500 रुपए की सरकारी मदद और कल्याणकारी योजनाओं का भरोसा है, तो दूसरी ओर ‘परिवर्तन’ का दावा लेकर बीजेपी का रथ मैदान में है। 2026 की यह लड़ाई विकास और अस्मिता दोनों के दावों की है। क्या ‘युवा साथी’ का जादू बीजेपी के रथ के पहियों को रोक पाएगा, यह सवाल बंगाल के हर चौक-चौराहे पर गूँज रहा है।









