अगर आप अपना खुद का कारोबार शुरू करना चाहते हैं, लेकिन पूंजी की कमी के कारण बैंक से लोन नहीं मिल पा रहा है, तो यह योजना आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। हरियाणा सरकार अनुसूचित जाति (SC) और बीपीएल परिवारों को कम ब्याज दर पर स्वरोजगार शुरू करने के लिए ₹6 लाख तक का लोन उपलब्ध कराने की तैयारी कर रही है। इस योजना के तहत सिर्फ 6% ब्याज पर ऋण मिलेगा, साथ ही ₹50,000 तक की सब्सिडी का भी लाभ दिया जाएगा।
किस योजना के तहत मिलेगा लाभ?
हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम, केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री अभ्युदय (PM-AJAY) योजना के तहत यह सुविधा उपलब्ध कराएगा। इस योजना का उद्देश्य अनुसूचित जाति और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को स्वरोजगार के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करना है। इसके तहत ₹1 लाख से ₹6 लाख तक का लोन दिया जाएगा और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय की ओर से ₹50,000 तक की सब्सिडी भी मिलेगी।
कौन कर सकता है आवेदन?
इस योजना का लाभ केवल अनुसूचित जाति (SC) और बीपीएल परिवारों को मिलेगा। पात्रता के लिए परिवार की वार्षिक आय ₹3 लाख या उससे कम (करीब ₹25,000 प्रति माह) होनी चाहिए। पात्र लाभार्थी 6% की ब्याज दर पर लोन लेकर अपना व्यवसाय शुरू कर सकते हैं।
किन व्यवसायों के लिए मिलेगा लोन?
इस योजना के तहत करीब 20 तरह के स्वरोजगार और छोटे कारोबार शुरू करने के लिए लोन दिया जाएगा। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं—
- किराना और ग्रॉसरी स्टोर
- मनियारी व कॉस्मेटिक की दुकान
- ब्यूटी पार्लर
- ड्रोन फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी
- जन सेवा केंद्र, साइबर कैफे और ऑनलाइन सेवा केंद्र
- चाय की दुकान
- मिठाई, स्नैक्स या नाश्ता कॉर्नर
- ढाबा और टिफिन सर्विस
- मैकेनिक शॉप
- ऑटो पार्ट्स की दुकान
- जूते-चप्पल की दुकान
- फल-सब्जी या जूस की दुकान
- वेल्डिंग शॉप
- भवन निर्माण सामग्री की दुकान
- पेंट की दुकान
- फर्नीचर, बढ़ईगिरी और एल्युमिनियम का काम
- स्टेशनरी और किताबों की दुकान
- सीसीटीवी इंस्टॉलेशन का व्यवसाय
- आटा चक्की
- कमर्शियल वाहन संचालन
कब शुरू होंगे आवेदन?
फिलहाल इस योजना को अंतिम प्रशासनिक मंजूरी मिलना बाकी है। राज्य सरकार से औपचारिक स्वीकृति मिलने के बाद आवेदन प्रक्रिया और लाभार्थियों के चयन की घोषणा की जाएगी। सरकार का मानना है कि इस योजना से शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में स्वरोजगार को बढ़ावा मिलेगा और नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।