पुणे: कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के 22 अगस्त को पुणे में होने वाले छात्र संवाद कार्यक्रम ‘छात्रों की गूंज’ से पहले विवाद खड़ा हो गया है। बीजेपी ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस की ओर से सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स को कार्यक्रम में शामिल होने और अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इसका प्रचार करने के लिए 25 हजार रुपये तक का ऑफर दिया गया। इस दावे को लेकर बीजेपी ने एक कथित फोन बातचीत का वीडियो भी साझा किया है।
वहीं, सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर रिया खानोलकर ने वीडियो जारी कर कहा कि उन्हें कार्यक्रम की कवरेज और वीडियो पोस्ट करने के बदले 25 हजार रुपये देने की पेशकश की गई थी। इस मामले के सामने आने के बाद कांग्रेस और बीजेपी के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गया है।
BJP प्रवक्ता ने शेयर की कथित कॉल रिकॉर्डिंग
बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने अपने X अकाउंट पर एक कथित फोन बातचीत की रिकॉर्डिंग साझा की। इसमें एक युवती से राहुल गांधी के कार्यक्रम में शामिल होने और उनसे जुड़े वीडियो बनाने के बदले भुगतान की बात किए जाने का दावा किया गया है।
प्रदीप भंडारी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस PR एजेंसियों और भुगतान के जरिए राहुल गांधी के कार्यक्रम में समर्थन और भीड़ जुटाने की कोशिश कर रही है।
हालांकि, वायरल रिकॉर्डिंग और इससे जुड़े दावों की स्वतंत्र पुष्टि इस रिपोर्ट में नहीं हुई है।
इंफ्लुएंसर रिया खानोलकर ने क्या कहा?
मामले में सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर रिया खानोलकर का एक वीडियो भी सामने आया है। उन्होंने कहा कि उन्हें ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम की कवरेज करने और अपने सोशल मीडिया अकाउंट से वीडियो पोस्ट करने के लिए 25 हजार रुपये का ऑफर मिला था।
रिया ने इस ऑफर पर आपत्ति जताते हुए कहा कि उन्हें यह बात खराब लगी कि ऐसा माना जा रहा है कि छात्रों को पैसे देकर कार्यक्रम में लाया जा सकता है।
आने-जाने का खर्च भी देने का दावा
सामने आई कथित बातचीत में कार्यक्रम में आने-जाने के खर्च के अलावा अलग से भुगतान की पेशकश किए जाने का भी दावा किया जा रहा है। इसी को लेकर बीजेपी कांग्रेस पर सवाल उठा रही है।
बीजेपी का आरोप है कि कांग्रेस युवाओं और सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स के जरिए कार्यक्रम को ऑनलाइन बढ़ावा देने की कोशिश कर रही है।
COEP हॉस्टल में NSUI और ABVP कार्यकर्ताओं के बीच झड़प
राहुल गांधी के कार्यक्रम से पहले पुणे के COEP टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी के हॉस्टल में NSUI और ABVP से जुड़े छात्रों के बीच देर रात झड़प की खबर भी सामने आई।
NSUI प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के छात्र संवाद कार्यक्रम का समर्थन करने वाली छात्राओं को ABVP कार्यकर्ताओं ने धमकाया और उनके साथ मारपीट की।
ABVP ने आरोपों को किया खारिज
ABVP ने NSUI के आरोपों को खारिज करते हुए पलटवार किया। ABVP से जुड़े छात्रों का आरोप है कि NSUI प्रतिनिधि छात्रों पर राहुल गांधी के कार्यक्रम में शामिल होने का दबाव बना रहे थे और विवाद के दौरान छात्राओं के साथ मारपीट की गई।
दोनों पक्षों की ओर से एक-दूसरे पर आरोप लगाए जाने के बाद मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया।
मौके पर पहुंचे कांग्रेस विधायक
घटना की जानकारी मिलने के बाद कांग्रेस विधायक विजय वडेट्टीवार भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के कार्यक्रम का समर्थन करने वाली दो छात्राओं को ABVP की ओर से धमकाया गया और उनके साथ मारपीट की गई।
उन्होंने इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को दबाने की कोशिश बताया।
कार्यक्रम से पहले बढ़ा राजनीतिक तनाव
राहुल गांधी का छात्र संवाद कार्यक्रम शुरू होने से पहले ही दो अलग-अलग विवाद सामने आ गए हैं। एक ओर सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स को कथित भुगतान के आरोप हैं, तो दूसरी ओर कॉलेज कैंपस में NSUI और ABVP के बीच विवाद ने माहौल गरमा दिया है।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या वास्तव में इंफ्लुएंसर्स को कार्यक्रम के प्रचार के लिए भुगतान का प्रस्ताव दिया गया था और अगर दिया गया था तो इसकी शर्तें क्या थीं? वहीं, कॉलेज में हुए विवाद की जांच के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि दोनों पक्षों के दावों में कितनी सच्चाई है।
राहुल गांधी के कार्यक्रम को लेकर शुरू हुआ यह विवाद अब सोशल मीडिया से लेकर कॉलेज कैंपस और राजनीतिक गलियारों तक पहुंच गया है।