प्रयागराज में रेलवे स्टेशनों और बस अड्डों पर अकेले या भटके हुए मिलने वाले बच्चों की सुरक्षा के लिए प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। अब प्रमुख स्थानों पर ‘विशेष डेस्क’ स्थापित की जाएंगी, जहां तैनात टीमें चौबीसों घंटे बच्चों की मदद के लिए मौजूद रहेंगी और उन्हें उनके परिजनों तक पहुंचाने में सहयोग करेंगी।
अक्सर घर से नाराज होकर निकलने, रास्ता भटकने या किसी कारण से परिवार से बिछड़ने के बाद बच्चे रेलवे स्टेशन और बस अड्डों पर भटकते हुए मिल जाते हैं। ऐसे बच्चों को सुरक्षित संरक्षण देने और उनकी काउंसिलिंग करने के उद्देश्य से प्रशासन ने यह व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया है।
फिलहाल महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से Prayagraj Junction पर चाइल्ड लाइन टीम पहले से सक्रिय है। अब इस व्यवस्था को मजबूत करते हुए Prayagraj Chheoki Railway Station और Civil Lines Bus Stand पर भी विशेष डेस्क स्थापित की जाएंगी, ताकि वहां भी बच्चों को तुरंत सहायता मिल सके।
इन डेस्क पर तैनात टीमें 24 घंटे ड्यूटी पर रहेंगी। जरूरत पड़ने पर बच्चों को सुरक्षित स्थान पर ले जाकर उनकी काउंसिलिंग की जाएगी और परिजनों से संपर्क कराने की प्रक्रिया भी पूरी की जाएगी।
प्रशासन के अनुसार प्रत्येक डेस्क पर छह सदस्यों की टीम तैनात होगी। इनमें से कम से कम दो कर्मचारी आठ-आठ घंटे की शिफ्ट में ड्यूटी करेंगे, ताकि किसी भी समय मदद की जरूरत पड़ने पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।









