वाराणसी-गाजीपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर हाल ही में हुए एक भीषण सड़क हादसे ने आस्था के सफर को मातम में बदल दिया है। माघ पूर्णिमा के पावन अवसर पर गंगा स्नान के लिए प्रयागराज जा रहे पश्चिम बंगाल के पांच दोस्तों की कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस दर्दनाक घटना में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चार अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।
पश्चिम बंगाल के कूच बिहार जिले से पांच दोस्त अपनी कार में सवार होकर संगम नगरी प्रयागराज के लिए निकले थे। यह सफर तब अचानक त्रासदी में बदल गया जब उनकी कार चौबेपुर थाना क्षेत्र के पंडापुर के पास पहुंची। पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार अज्ञात ट्रेलर ने लापरवाही से ओवरटेक करने की कोशिश में कार को जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार अनियंत्रित होकर बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई। स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से घायलों को तुरंत रेस्क्यू किया गया और BHU ट्रामा सेंटर भेजा गया। हालांकि, रास्ते में ही 32 वर्षीय कनक (पुत्र बुलू बैंसो) की मौत हो गई। अन्य चार घायल—परितोष, संजय, दीपांकर और मदन—फिलहाल अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं और उनका इलाज जारी है।
स्थानीय पुलिस ने मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इसके साथ ही, यूपी पुलिस ने फरार ट्रेलर चालक की तलाश तेज कर दी है। पुलिस इस भीषण हादसे के लिए जिम्मेदार ड्राइवर को पकड़ने के लिए आसपास के सभी सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
श्रद्धा के इस पवित्र सफर में हुई इस अनहोनी ने एक बार फिर राष्ट्रीय राजमार्गों पर तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने के गंभीर खतरों को उजागर कर दिया है।


