भारत भाग्य विधाता शो का प्रोमो बैनर, जिसमें शो के एंकर Vivek Pathak की तस्वीर दिखाई गई है। इसका प्रसारण सोमवार से शुक्रवार रात 9 बजे Bharat Update पर होता है।

बदरीनाथ चढ़ावा चोरी मामला: प्रमोद नौटियाल पर गिरी गाज, निलंबन के बाद FIR दर्ज, 15 दिन में आएगी जांच रिपोर्ट

Badrinath Dham Donation Case
Badrinath Dham Donation Case

बदरीनाथ धाम में दान-चढ़ावे में कथित हेराफेरी के मामले में कर्मचारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 15 दिन में रिपोर्ट देने के निर्देश के साथ हाई लेवल जांच समिति गठित कर दी है।

उत्तराखंड के बदरीनाथ धाम में दान-चढ़ावे में कथित हेराफेरी के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है. बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) ने अध्यक्ष कार्यालय में तैनात वैयक्तिक सहायक प्रमोद नौटियाल को पहले निलंबित किया और अब उनके खिलाफ बदरीनाथ थाने में मुकदमा भी दर्ज करा दिया गया है. मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय जांच समिति गठित की गई है. जो 15 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी.

शुरुआती जांच में सामने आईं गंभीर अनियमितताएं

बीकेटीसी की चार सदस्यीय विभागीय जांच समिति की प्रारंभिक रिपोर्ट में कई गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं. जांच के अनुसार, 2 जुलाई को दान-चढ़ावे की गिनती के दौरान जिन तीन कर्मचारियों की मौजूदगी अनिवार्य थी, वे वहां मौजूद नहीं थे. आरोप है कि प्रमोद नौटियाल ने अकेले ही गिनती की प्रक्रिया पूरी कराई. सीसीटीवी फुटेज की जांच में भी सुबह 9 बजे से 9:30 बजे के बीच नोटों के बंडल ले जाते हुए संदिग्ध गतिविधियां दिखाई देने का दावा किया गया है. इन्हीं तथ्यों के आधार पर समिति ने उनकी भूमिका को प्रथम दृष्टया संदिग्ध माना।

निलंबन के बाद दर्ज हुआ मुकदमा

मंगलवार को पहली बार बदरीनाथ पहुंची विभागीय जांच समिति ने मौके पर जांच के दौरान कई अहम तथ्य जुटाए. समिति ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट मौखिक रूप से बीकेटीसी के वरिष्ठ अधिकारियों को दी, जिसके बाद बिना देरी किए प्रमोद नौटियाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया. इसके बाद समिति की सिफारिश पर उनके खिलाफ बदरीनाथ थाने में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कराया गया. ताकि मामले की निष्पक्ष आपराधिक जांच आगे बढ़ाई जा सके।

मुख्यमंत्री ने गठित की हाई लेवल जांच समिति

मामले को गंभीर मानते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गढ़वाल मंडल आयुक्त की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय जांच समिति का गठन किया है. इस समिति को पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जांच कर 15 दिनों के भीतर शासन को रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं. सरकार का कहना है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष होगी और दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा.

जांच का दायरा और बढ़ सकता है

सूत्रों के अनुसार, जांच केवल प्रमोद नौटियाल तक सीमित नहीं रहेगी. विभागीय और उच्चस्तरीय दोनों समितियां दान-चढ़ावे की पूरी व्यवस्था, धन प्रबंधन, रिकॉर्ड, सीसीटीवी फुटेज और संबंधित कर्मचारियों की भूमिका की भी विस्तार से जांच करेंगी. यदि जांच के दौरान किसी अन्य कर्मचारी या अधिकारी की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी विभागीय कार्रवाई के साथ कानूनी कदम उठाए जाएंगे

पारदर्शिता का संदेश देने की कोशिश

बीकेटीसी ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए स्पष्ट संकेत दिया है कि मंदिर की दान-चढ़ावा व्यवस्था में किसी भी तरह की अनियमितता या भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. अधिकारियों का कहना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ मामले की कई और परतें खुल सकती हैं और यदि जरूरत पड़ी तो अन्य लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।

संबंधित खबरें

लाल किले पर साइकिल तिरंगा यात्रा का समापन, 125 साइकिल सवारों ने लिया हिस्सा

काशी विश्वनाथ मंदिर पहुंचे यामानाशी के गवर्नर कोटारो नागासाकी, विश्व शांति के लिए की प्रार्थना

करण जौहर का अतरंगी लुक वायरल, यूजर्स बोले- ‘कौवे जैसा लुक!’

सैंडविच से चीज़ हटवाने पर मांगे 75 सेंट, सैन फ्रांसिस्को कैफे का वीडियो वायरल

राजीव ठाकुर के पिता का निधन, कृष्णा अभिषेक ने दी दुखद खबर

Recommended Stories

लाल किले पर साइकिल तिरंगा यात्रा का समापन, 125 साइकिल सवारों ने लिया हिस्सा

काशी विश्वनाथ मंदिर पहुंचे यामानाशी के गवर्नर कोटारो नागासाकी, विश्व शांति के लिए की प्रार्थना

करण जौहर का अतरंगी लुक वायरल, यूजर्स बोले- ‘कौवे जैसा लुक!’

सैंडविच से चीज़ हटवाने पर मांगे 75 सेंट, सैन फ्रांसिस्को कैफे का वीडियो वायरल

राजीव ठाकुर के पिता का निधन, कृष्णा अभिषेक ने दी दुखद खबर